ताइक्वांडो छात्रा से रिश्वत मांगने के आरोप पर सरकार का स्पष्टीकरण, कहा- निजी प्रतियोगिता के खर्च को गलत तरीके से पेश किया गया

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देहरादून। युवा संवाद कार्यक्रम के दौरान CNI गर्ल्स स्कूल की एक छात्रा द्वारा अंतरराष्ट्रीय ताइक्वांडो प्रतियोगिता में प्रतिभाग करने के लिए आर्थिक सहायता की आवश्यकता का विषय मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के समक्ष रखा गया था। अब इस मामले को लेकर सामने आए रिश्वत मांगने के आरोपों पर सरकार की ओर से स्पष्टीकरण जारी किया गया है।

सरकार का कहना है कि मामले को कुछ लोगों द्वारा तथ्यों से अलग तरीके से प्रस्तुत किया जा रहा है। वास्तविकता यह है कि छात्रा Taekwondo Council of India, जो एक निजी संस्था है, के माध्यम से प्रशिक्षण प्राप्त कर रही थी और इसी संस्था के माध्यम से उसका एक अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता के लिए चयन हुआ था।


सरकार के अनुसार प्रतियोगिता में शामिल होने के लिए यात्रा समेत कुल खर्च करीब 3.70 लाख रुपये बताया गया था। संबंधित निजी संस्था की ओर से छात्रा को आर्थिक सहयोग देते हुए लगभग 1.70 लाख रुपये स्वयं वहन करने की बात कही गई थी। वहीं शेष करीब 1.50 से 1.60 लाख रुपये की व्यवस्था प्रतिभागी को स्वयं करनी थी।

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सरकार ने कहा- मामला किसी सरकारी चयन प्रक्रिया से जुड़ा नहीं
स्पष्टीकरण में कहा गया है कि यह मामला न तो किसी सरकारी अधिकारी द्वारा पैसे मांगने से जुड़ा था और न ही किसी सरकारी चयन प्रक्रिया का हिस्सा था। यह एक निजी संस्था के माध्यम से निजी स्तर पर आयोजित अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में प्रतिभाग करने से संबंधित खर्च का मामला था।

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सरकार के मुताबिक युवा संवाद कार्यक्रम के दौरान छात्रा कम समय में अपनी पूरी बात विस्तार से नहीं रख पाई, जिसके कारण पूरे मामले को लेकर भ्रम की स्थिति पैदा हुई।


राजनीतिक रंग देने का भी लगाया आरोप
सरकार की ओर से कहा गया है कि छात्रा की चिंता और उसकी प्रतिभा का पूरा सम्मान किया जाना चाहिए। हालांकि, अधूरी जानकारी के आधार पर मामले को ‘रिश्वत मांगने’ से जोड़कर राजनीतिक मुद्दा बनाना उचित नहीं है।

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स्पष्टीकरण में यह भी कहा गया कि छात्रा के विषय को राजनीतिक लाभ के लिए गलत तथ्यों के साथ प्रस्तुत किए जाने से वास्तविक मुद्दा पीछे छूट सकता है। सरकार ने पूरे मामले को तथ्यों के आधार पर देखने की बात कही है।

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