उत्तराखण्ड उच्च न्यायालय के निर्देश: प्रदेश के सभी डीएम और डीएफओ राष्ट्रीय व राजकीय राजमार्गों से हटाएं अतिक्रमण
नैनीताल। उत्तराखण्ड उच्च न्यायालय ने एक पत्र को पी.आई.एल. मानते हुए प्रदेश के सभी जिलाधिकारियों और डी.एफ.ओ.को राष्ट्रीय और राजकीय राजमार्गों से अतिक्रमण हटाकर फ़ोटो न्यायालय में भेजने के निर्देश दिए हैं।
मुख्य न्यायाधीश विपिन सांघी और न्यायमूर्ति राकेश थपलियाल की खंडपीठ ने दिल्ली निवासी गांधी के एक पत्र को जनहित याचिका के रूप में ले लिया। खंडपीठ ने राष्ट्रीय राजमार्गों समेत राजकीय राजमार्गों के किनारे राजस्व या वन भूमि में अतिक्रमण कर बैठे लोगों को हटाने के निर्देश दिये हैं।
खंडपीठ ने प्रदेश के सभी 13 जिलाधिकारियों और उन डी.एफ.ओ.को जिनके क्षेत्र में ये सड़क आती हैं को अतिशीघ्र अतिक्रमण हटाने को कहा है। न्यायालय ने इन सभी से अतिक्रमण के पहले और हटाए जाने के बाद कि फ़ोटो न्यायालय को दिखाने को भी कहा है।

संपादक – उत्तराखण्ड उदय
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