उत्तराखंड बार काउंसिल चुनाव: रामनगर टैक्स बार एसोसिएशन ने उम्मीदवारों से मांगा स्पष्ट विज़न और जवाबदेही
रामनगर। उत्तराखंड बार काउंसिल के आगामी चुनावों को लेकर अधिवक्ता समुदाय में सरगर्मी तेज हो गई है। इसी क्रम में रामनगर टैक्स बार एसोसिएशन ने चुनाव लड़ रहे सभी उम्मीदवारों से स्पष्ट विज़न, पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग की है। एसोसिएशन का कहना है कि बार काउंसिल केवल एक संवैधानिक संस्था नहीं, बल्कि अधिवक्ताओं के अधिकारों, कल्याण, अनुशासन और पेशेवर गरिमा की संरक्षक भी है, ऐसे में इसके प्रतिनिधियों का दूरदर्शी और जिम्मेदार होना बेहद जरूरी है।
रामनगर टैक्स बार एसोसिएशन ने बताया कि उत्तराखंड बार काउंसिल चुनाव में 23 पदों के लिए कुल 104 उम्मीदवार मैदान में हैं, जो अधिवक्ता समुदाय में नेतृत्व की बढ़ती रुचि को दर्शाता है। हालांकि एसोसिएशन ने चिंता जताई कि इनमें से केवल 10 से 12 उम्मीदवार ही ऐसे हैं, जो वास्तव में अधिवक्ता कल्याण और पेशे से जुड़ी जमीनी समस्याओं पर गंभीरता से विचार कर रहे हैं, जबकि अधिकांश उम्मीदवार केवल औपचारिक रूप से वोट मांगने तक सीमित नजर आ रहे हैं।
एसोसिएशन के अध्यक्ष पूरन चंद्र पांडे ने उम्मीदवारों से अपील की कि वे अपने पिछले पांच वर्षों के कार्यों का विवरण और आगामी पांच वर्षों का स्पष्ट रोडमैप अधिवक्ताओं के सामने रखें। उन्होंने कहा कि इससे उम्मीदवारों की गंभीरता सामने आएगी और अधिवक्ताओं को सोच-समझकर मतदान करने में मदद मिलेगी।
वहीं, एसोसिएशन के सचिव गौरव गोला ने अधिवक्ता कल्याण को चुनाव का सबसे अहम मुद्दा बताया। उन्होंने कहा कि अधिवक्ता कल्याण योजना और डेथ क्लेम राशि को बढ़ाकर कम से कम 10 लाख रुपये किया जाना चाहिए। यह चुनाव केवल पदों के लिए नहीं, बल्कि अधिवक्ताओं के जीवन, सुरक्षा और सम्मान से जुड़े मुद्दों के समाधान का अवसर होना चाहिए।
रामनगर टैक्स बार के उपसचिव मनु अग्रवाल ने टैक्स मामलों और अधिवक्ताओं के हितों से जुड़े अहम बिंदुओं को रखते हुए कहा कि अधिवक्ताओं के खिलाफ अनुशासनात्मक मामलों में बार काउंसिल को निष्पक्ष, पारदर्शी और समयबद्ध प्रक्रिया अपनानी चाहिए, ताकि किसी भी वकील के अधिकारों का हनन न हो। उन्होंने युवा वकीलों के लिए निरंतर प्रशिक्षण, कानूनी शिक्षा, पेशेवर नैतिकता और संवाद कौशल को मजबूत करने पर भी जोर दिया।
एसोसिएशन ने यह भी कहा कि स्वास्थ्य बीमा, पेंशन योजनाओं और सामाजिक सुरक्षा से जुड़े प्रावधानों को और अधिक प्रभावी बनाए जाने की जरूरत है। यदि उम्मीदवार इन सभी मुद्दों को ठोस नीतियों और कार्ययोजनाओं के साथ उठाते हैं, तो यह चुनाव केवल औपचारिक प्रक्रिया न रहकर अधिवक्ताओं के हितों की रक्षा और न्याय व्यवस्था को मजबूत करने का प्रभावी माध्यम बन सकता है।
रामनगर टैक्स बार एसोसिएशन का साफ संदेश है कि यह चुनाव जागरूकता, जवाबदेही और दूरदर्शी नेतृत्व का होना चाहिए, ताकि अधिवक्ता समुदाय को मजबूत, सुरक्षित और सम्मानजनक भविष्य मिल सके।


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