उत्तराखंड कैबिनेट के बड़े फैसले: बिजली लाइन मुआवजा दोगुना, ग्रीन बिल्डिंग को बढ़ावा, पुराने कानून खत्म—जानें कौन-कौन से बदलेंगे नियम

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देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में बुधवार को हुई उत्तराखंड कैबिनेट बैठक में कई बड़े फैसलों पर मुहर लगी। इसमें बिजली लाइन मुआवजे में बढ़ोतरी, ग्रीन बिल्डिंग प्रमोशन, छोटे अपराधों की सजा में बदलाव, टाउन प्लानिंग मॉडल, एयरपोर्ट संचालन से लेकर वाहन नीति और युवा कोचिंग योजना तक कई प्रस्ताव शामिल रहे।

कैबिनेट ने बिजली लाइन से प्रभावित लोगों को बड़ी राहत देते हुए मुआवजा बढ़ाया है। अब टॉवर और उसके एक मीटर के दायरे की जमीन का भुगतान सर्किल रेट के 200% के आधार पर किया जाएगा। सर्किल रेट और मार्केट रेट के अंतर को दूर करने के लिए एक विशेष समिति भी बनाई जाएगी।

राज्य सरकार ने पुराने नियम खत्म करते हुए जन विश्वास एक्ट को लागू किया है। सात एक्ट हटाए गए हैं तथा 52 एक्ट चिन्हित किए गए। अब छोटे अपराधों में जेल की जगह जुर्माना आधारित प्रावधान लागू होंगे। उदाहरण के तौर पर—जैविक कृषि अधिसूचित क्षेत्रों में पेस्टिसाइड इस्तेमाल पर पहले एक साल जेल और एक लाख जुर्माना था, वहीं अब केवल 5 लाख का जुर्माना लिया जाएगा, जेल की सजा खत्म कर दी गई है।

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आवास विभाग से जुड़े चार बड़े प्रस्ताव भी मंजूर किए गए हैं। ग्रीन बिल्डिंग को प्रमोट करने के लिए अतिरिक्त FAR की सुविधा मिलेगी—प्लेटिनम ग्रेड को 5%, गोल्ड को 3% और सिल्वर को 2% अतिरिक्त FAR। कॉमर्शियल क्षेत्र में अब ग्राउंड कवरेज पर लगी रोक हटाई जाएगी और सभी जगह एक समान सेटबैक नियम लागू होंगे। अब ईको रिजॉर्ट की तरह सामान्य रिजॉर्ट भी बनाए जा सकेंगे, लैंड-यूज बदलने की बाध्यता खत्म कर दी गई है। पहाड़ी क्षेत्रों में सड़क चौड़ाई 6 मीटर और मैदानों में 9 मीटर तय की गई है। बहुमंजिला इमारतों के लिए सड़क-लेवल पार्किंग को बिल्डिंग की कुल ऊंचाई में नहीं जोड़ा जाएगा।

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राज्य में भूमि पूलिंग और टाउन प्लानिंग स्कीम को भी मंजूरी मिली है। यह अनिवार्य नहीं होगी, लेकिन लागू होने पर अमरावती मॉडल की तरह भूमि मालिकों को कॉमर्शियल भूमि भी मिलेगी। मोटल श्रेणी को समाप्त कर दिया गया है।

विभागवार फैसलों में वित्त विभाग ने उत्तराखंड GST संशोधन अध्यादेश को मंजूरी दी। तकनीकी शिक्षा विभाग में अब यूनिवर्सिटी स्तर पर फैकल्टी भर्ती होगी, लोक सेवा आयोग की जगह विश्वविद्यालय प्रक्रिया को देखेगा। लोक निर्माण विभाग में कनिष्ठ अभियंता के 5% प्रमोशन कोटा को हटाकर अब 10 वर्ष सेवा पर सीधी पदोन्नति दी जाएगी। देहरादून रिस्पना–बिंदाल एलिवेटेड रोड पर GST में छूट दी गई है, रॉयल्टी और GST विभाग बाद में रिम्बर्स करेगा।

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नागरिक उड्डयन से जुड़े फैसले में नैनी सैणी एयरपोर्ट का संचालन अब एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया करेगी। सितारगंज कल्याणपुर की पट्टा भूमि के नियमितीकरण के लिए 2004 के सर्किल रेट लागू होंगे।

डेयरी और सहकारिता विभाग में मुख्यमंत्री घसियारी योजना और साइलेज योजना में सब्सिडी को संशोधित कर 75% से घटाकर 60% किया गया है। सुगंध पौधा केंद्र का नाम बदलकर “इंस्टीट्यूट ऑफ परफ्यूम” किया जाएगा।

वाहन नीति के तहत 15 वर्ष पुराने वाहनों को स्क्रैप कराने पर टैक्स में छूट दी जाएगी, नया वाहन खरीदने पर भी लाभ मिलेगा।
युवा भविष्य निर्माण योजना के तहत UPSC, NET, GATE जैसी परीक्षाओं के लिए ऑनलाइन कोचिंग, लाइव क्लास और डाउट समाधान की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।